भिलाई स्टील प्लांट को बेचने की खबरें भ्रामक, इस्पात मंत्रालय ने किया खंडन!
– DIGITAL BHILAI NEWS –
- भिलाई इस्पात संयंत्र (BSP) को बेचने की तैयारी संबंधी खबरों को संयंत्र प्रबंधन ने असत्य और भ्रामक बताया है।
- इस्पात मंत्रालय ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से इन दावों का खंडन किया है।
- वहीं, प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) की फैक्ट चेक इकाई ने भी इन खबरों को गलत करार दिया है।
- आइए विस्तार से जानते हैं 👇
अपुष्ट खबरें साझा न करने की अपील
👉बीएसपी प्रबंधन ने कर्मचारियों, हितधारकों और आम जनता से अपील की है कि वे संयंत्र को बेचे जाने से जुड़ी अपुष्ट खबरों पर भरोसा न करें और न ही उन्हें आगे प्रसारित करें। किसी भी जानकारी को साझा करने से पहले आधिकारिक स्रोतों से उसकी पुष्टि करना जरूरी है, ताकि कर्मचारियों और उनके परिवारों के बीच अनावश्यक भ्रम न फैले।
उज्ज्वल दत्ता बोले- झूठ फैलाने वालों की खुली पोल
👉वहीं बीएसपी वर्कर्स यूनियन के अध्यक्ष उज्ज्वल दत्ता ने कहा कि भिलाई इस्पात संयंत्र को बेचने के दावे की सच्चाई अब जनता के सामने आ गई है। इस्पात मंत्रालय के आधिकारिक स्पष्टीकरण ने इन खबरों की पोल खोल दी है। उन्होंने कहा कि बिना ठोस तथ्यों के ऐसी खबरें फैलाकर कर्मचारियों और आम जनता के बीच भ्रम पैदा करना उचित नहीं है। भिलाई इस्पात संयंत्र छत्तीसगढ़ की औद्योगिक पहचान और हजारों परिवारों की आजीविका से जुड़ा महत्वपूर्ण संस्थान है।
देश के औद्योगिक विकास में अहम भूमिका
👉स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (SAIL) की प्रमुख इकाई बीएसपी ने देश के इस्पात उत्पादन, रोजगार और छत्तीसगढ़ के औद्योगिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
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रिपोर्ट : डिजिटल भिलाई न्यूज

K.D. एक अनुभवी डिजिटल पत्रकार और वेब स्ट्रैटेजिस्ट हैं, जिन्हें वेब मीडिया, लोकल अफेयर्स में कई वर्षों का अनुभव है। वे स्टील इंडस्ट्री, पब्लिक सेक्टर कंपनियों, कर्मचारियों की नीतियों (NPS, EPFO, PRP, Leave Policy) और छत्तीसगढ़ से जुड़ी औद्योगिक खबरों को सरल और भरोसेमंद अंदाज़ में प्रस्तुत करते हैं। Digital Bhilai News का उद्देश्य है — औद्योगिक क्षेत्र की वास्तविक और जमीनी रिपोर्टिंग के माध्यम से पाठकों को मूल्यवान जानकारी देना। हमारी लेखन शैली रिसर्च-आधारित और विश्लेषणात्मक होती है, जिससे हर खबर में डेटा, पृष्ठभूमि और असर दोनों शामिल रहते हैं। हम भिलाई और विभिन्न संयंत्र से जुड़ी श्रमिकों-कर्मियों के साथ हो रहे अन्याय आदि की खबरें तथ्यों, विश्लेषण और आधुनिक डिजिटल दृष्टिकोण के साथ पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास कर रहे है।

